विद्यालय : LDC Public School
दिनांक : 2 मई 2026
स्थान : म्यूज़िक लैब
1. प्रस्तावना
विद्यालय में विद्यार्थियों की संगीत प्रतिभा को प्रोत्साहित करने, आत्मविश्वास विकसित करने तथा सांस्कृतिक मूल्यों के संवर्धन हेतु अंतरसदनीय संगीत प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता का उद्देश्य विद्यार्थियों को मंच प्रदान करना, उनकी रचनात्मक अभिव्यक्ति को बढ़ावा देना तथा स्वस्थ प्रतिस्पर्धा की भावना विकसित करना था।
2. कार्यक्रम का विश्लेषण (Analysis)
प्रतियोगितामें सभी सदनों के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। प्रतिभागियों ने सुर, ताल, लय एवं भावाभिव्यक्ति का प्रभावशाली प्रदर्शन किया। अधिकांश प्रस्तुतियाँ विषयानुकूल, अनुशासित एवं प्रभावशाली रहीं।
प्रमुख अवलोकन :
विद्यार्थियों में मंच भय की कमी दिखाई दी।
समूह समन्वय एवं टीम भावना सराहनीय रही।
संगीत चयन में विविधता देखने को मिली।
प्रस्तुति शैली एवं आत्मविश्वास में स्पष्ट सुधार दिखाई दिया।
कुछ समूहों में तालमेल एवं स्वर संतुलन में सुधार की आवश्यकता महसूस हुई।
प्रतियोगितापरिणाम :
🥇 प्रथम स्थान – विवेकानंद हाउस
🥈 द्वितीय स्थान – राधाकृष्णन हाउस
🥉 तृतीय स्थान – आर्यभट्ट हाउस
3. सराहना (Appreciation)
विद्यालय परिवार आदरणीय निदेशक महोदय विवेक सर, निदेशिका महोदया एवं प्रधानाचार्य महोदय के प्रति हार्दिक आभार व्यक्त करता है, जिनके मार्गदर्शन एवं प्रेरणा से कार्यक्रम सफलतापूर्वक सम्पन्न हुआ।
सभी समन्वयकों, गृह-प्रभारियों, निर्णायक मंडल एवं सहयोगी शिक्षकों का योगदान अत्यंत प्रशंसनीय रहा। विशेष रूप से अलका मैम, शशि मिश्रा मैम, मुक्ता मैम, ऋतिका मैम, दिलीप सर एवं गौरव सर के सहयोग ने कार्यक्रम को सफल एवं सुव्यवस्थित बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
कार्यालय कर्मियों, सहायक कर्मचारियों एवं सभी अभिभावकों का सहयोग भी अत्यंत सराहनीय रहा। विद्यार्थियों की सक्रिय सहभागिता एवं उत्साह ने कार्यक्रम को जीवंत और यादगार बना दिया।
4. कार्यप्रणाली एवं दृष्टिकोण (Approach)
कार्यक्रम के सफल संचालन हेतु निम्नलिखित दृष्टिकोण अपनाए गए—
पूर्व नियोजित अभ्यास एवं समयबद्ध तैयारी।
विद्यार्थियों को संगीत चयन में स्वतंत्रता प्रदान करना।
निष्पक्ष मूल्यांकन हेतु निर्णायक मंडल का गठन।
अनुशासन एवं मंच संचालन पर विशेष ध्यान।
विद्यार्थियों के आत्मविश्वास एवं प्रस्तुति कौशल को प्राथमिकता देना।
सभी सदनों को समान अवसर उपलब्ध कराना।
5. चुनौतियाँ एवं सुधार क्षेत्र
कुछ प्रतिभागियों में स्वर समन्वय की कमी देखी गई।
मंच पर ध्वनि संतुलन में आंशिक कठिनाई अनुभव हुई।
समय प्रबंधन को और अधिक प्रभावी बनाने की आवश्यकता है।
अभ्यास अवधि को और व्यवस्थित किया जा सकता है।
6. आगे की कार्ययोजना (What Next)
नियमित संगीत कार्यशालाओं का आयोजन किया जाएगा।
प्रतिभाशालीविद्यार्थियों को विशेष प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा।
इंटर-स्कूल संगीत प्रतियोगिताओं में सहभागिता हेतु विद्यार्थियों को तैयार किया जाएगा।
मंच प्रस्तुति, स्वर नियंत्रण एवं समूह समन्वय पर अतिरिक्त अभ्यास कराया जाएगा।
विद्यालय में सांस्कृतिक गतिविधियों को और अधिक सक्रिय एवं संरचित बनाया जाएगा।
7. निष्कर्ष
अंतरसदनीय संगीत प्रतियोगिता विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास की दिशा में एक सफल एवं प्रेरणादायक पहल सिद्ध हुई। इस आयोजन ने विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर प्रदान किया तथा उनमें आत्मविश्वास, अनुशासन एवं टीम भावना का विकास किया। विद्यालय भविष्य में भी ऐसी रचनात्मक एवं सांस्कृतिक गतिविधियों का आयोजन करता रहेगा।


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